दुश्मन को वश में करने का उपाय

दुश्मन को वश में करने का उपाय


दुश्मन को वश में करने का उपाय, “मेरा तो कोई शत्रु नहीं है”। आप क्या कोई भी इस बात को गारंटी के साथ नहीं कह सकता कि मेरा कोई शत्रु नहीं है क्योंकि दुनिया में हर इंसान का शत्रु होता है। फर्क सिर्फ इतना होता है कि कुछ लोग अपने शत्रु को जानते हैं और कुछ लोग अपने शत्रु को नहीं पहचानते हैं। दुनिया में वह इंसान ही जीवन के जंग को जीत पाता है जो अपने शत्रु से जीत पाता है एवं अपनी रक्षा भी कर पाता है।

दुश्मन को वश में करने का उपाय

यह शत्रु कौन होता है? कहां बनते हैं यह शत्रु? इस विषय में हम आपको इतना बता दें कि शत्रु एकाएक उत्पन्न होते हैं। ये शत्रु आपके घर के लोग भी हो सकते हैं, आपके मित्र हो सकते हैं, आपके पड़ोसी हो सकते हैं या फिर आपके कर्म क्षेत्र में काम करने वाले आपके कलिग्स या फिर कोई ऐसा जो आपको कभी भी खुश नहीं देखना चाहता है और आपके लिए दिन-रात बुरा सोचता है।

ये शत्रु वह लोग होते हैं जो खुद तो कभी कुछ करते नहीं मगर औरों के जीवन में दखल देना, बाधा देना इनकी आदत सी होती है। इसलिए अगर आपके आसपास अगर ऐसे कोई भी व्यक्ति रहते हैं तो सर्वप्रथम आपको उनकी संगति को त्याग देना होगा क्योंकि अगर आप उनकी संगति त्याग नहीं देंगे तो आप इतने तकलीफ से जूझेंगे जिसके संपर्क में आपने शायद कल्पना भी नहीं किया होगा।

अगर आप ऐसा नहीं कर पा रहे तो कोई बात नहीं क्योंकि हम आपको आज शत्रु को वश में कैसे करेंगे इस उपाय के बारे में बताने जा रहे हैं। जिन उपायों को करके आप जीवन में बहुत खुश रहेंगे और आपके शत्रु चाहकर भी आपका कुछ नहीं बिगाड़ पाएंगे क्योंकि आपके शत्रु आपके वश में होंगे। इसलिए आप हमारे लेख को बस ध्यान से पढ़िए एवं इन उपायों को प्रैक्टिकल तरीके से करके भी देखिए बेहतर परिणाम पाने के लिए एवं शत्रु का दमन करने के लिए।

आपने अक्सर टेलीविजन पर देखा होगा एवं सूना भी होगा कि नींबू का प्रयोग अक्सर जादू-टोने के लिए या फिर किसी टोटके को करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। मगर हम आपको बता दें जादू-टोने का साइड इफेक्ट बहुत ख़तरनाक होता है यदि आप किसी को गलत उद्देश्य से तकलीफ देने के लिए अगर जादू- टोना करेंगे तो आप सफल नहीं होंगे दूसरा आप खुद दुष्प्रभाव से पीड़ित होंगे इसलिए इन सब चक्कर में न पड़े।

हम आपको शत्रु को वश करने के उपाय के बारे में बताएंगे उपाय को जानने से पहले आप एक बात को गांठ बांध लें कि वशीकरण और जादू-टोने में जमीन आसमान का फर्क है। वशीकरण यानी कंट्रोल करना किसी को वश करना खराब नहीं होता और वशीकरण का मकसद भी किसी को चोट पहुंचाना नहीं होता। इस बात को आप जान लिजिए।

उपाय:-

यदि आपके घर के आसपास मां काली का मंदिर है तो उस मंदिर में आप शनिवार के दिन स्नान करके साफ़ कपड़े पहनकर जाइएगा। उस मंदिर में आपको दो नींबू अपने साथ लेकर जाना है और मंदिर प्रांगण के किसी शांत परिवेश में आपको दो नींबू में से एक में अपना नाम और दूसरे नींबू में उस व्यक्ति का नाम लिखना है जिसको आप वश करना चाहते हैं।

उसके बाद आपको एक सफेद पन्ने पर २१ बार उस शत्रु का नाम लिखना है आपको जिसको आप वशीभूत करना चाहते हैं। नाम लिखने के बाद आपको २१ बार इस मंत्र का:- “ज्ञानी न मपि चेतांसि देवी भगवती हिंसा ग्रहा बलादा कृष्य मोहाय महामाया परयकस्टी ” का जाप करके नींबू को उस पन्ने पर रखे जिस पन्ने पर आपने अपने शत्रु का नाम लिखा था।

फिर आपको एक नींबू को काटना होगा जिसपर आपके शत्रु का नाम लिखा है और उस नींबू के रस को आपको पीना है। अगले दिन सुबह आपको आपको नाम लिखे हुए पन्ने के साथ दूसरे नींबू को बहते हुए पानी में बहा देना है। ऐसा करने के बाद आपका शत्रु अपने आप कमजोर हो जाएगा और कमजोरी के कारण वह आपसे शत्रुता नहीं कर पाएगा।

इस मंत्र में इतनी शक्ति है कि वह आपके शत्रु को मित्र बनाने सकता है और हां, आपको इस बात का ध्यान रखना होगा कि यह वश करने का उपाय एवं उपाय मंत्र को आपको मात्र शनिवार को ही करना है आप अन्य किसी भी दिन यह उपाय नहीं कर पाएंगे क्योंकि अन्य किसी दिन यह उपाय करने से आपको लाभ सिद्ध नहीं होगा।

दूसरी बात आप जब भी यह उपाय करेंगे तब आपके आसपास कोई नहीं होना चाहिए इस बात का आपको ध्यान रखना होगा। तीसरी बात आपको पीली नींबू का ही प्रयोग करना है वशीकरण के लिए। चौथी बात मंत्र का उच्चारण स्पष्ट एवं शुद्ध हो इस बात का आप अवश्य ध्यान रखिएगा।

वैसे तो आप अपने दुश्मन से मित्रता करके भी मुक्ति पा सकते हैं परंतु फिर भी अगर दाल न गले और पानी सर के ऊपर से बढ़ जाएं तब आपको नींबू एवं नारियल जैसे चीज़ों से वशीकरण करने का उपाय करना चाहिए।

यदि आपके परेशानियों की वजह आपका कोई शत्रु है तो आप चिंतित न हो क्योंकि चिंता एक पिशाच की तरह होता है जो पीछा नहीं छोड़ता है आसानी से मगर आपको प्रयास करना है कि आप चिंता एवं बाधा से मुक्ति पा सकें। आप शौचालय में जब प्रवेश करेंगे उस वक्त अपने शत्रु का नाम बाथरूम के बाल्टी में मौजूद पानी से दिवाल पर या फिर जमीन पर अपने शत्रु का नाम लिखें और जब आप बाहर निकलेंगे उस वक्त आपको अपने बाएं पैर से अपने शत्रु के नाम पर आपको ठोकर मारना है लगातार ०३ बार इस प्रक्रिया को रोजाना करने से आपका शत्रु आपके वश में हो जाएगा और आप अपने जीवन के परेशानियों से मुक्ति पा जाएंगे।

यदि आपकी श्रद्धा महावीर हनुमान जी पर है तो आप हनुमानजी के मंदिर में हर शनिवार या मंगलवार जा सकते हैं और मंदिर के प्रांगण में ही सुंदर काण्ड का पाठ कर सकते हैं और हनुमान जी को प्रसाद के रूप में चढ़ाने के लिए गुड़ एवं कच्चे चने का भोग लगा सकते हैं जिसको पाठ के समाप्त करने के बाद आप गरीब दिन दुखियारों में वितरित कर सकते हैं ऐसा करने से भी आपका शत्रु वशीभूत हो जाता है।

जड़ी बूटी से वशीकरण

जड़ी बूटी से वशीकरण


जड़ी बूटी से वशीकरण, दोस्तों क्या आप जानते हैं की जड़ी बूटियों से भी हम घर बैठकर आसानी से किसी को भी वशीभूत कर सकते हैं।जड़ी बूटियों को औषधि के रूप में प्रयोग कर आयुर्वेद ने इनको महत्वपूर्ण साबित कर ही दिया है।

आज तक हमने आपको बहुत चीजों के बारे में बताया है जिससे वशीकरण हो सकता है जैसे नींबू, लौंग, इलाइची इत्यादि इत्यादि उसी तरह जड़ी बूटियों से जिस तरीके से रोगों का चिकित्सा किया जा सकता है उसी तरह हमारे जीवन में आने वाले बाधाओं को भी हम कंट्रोल कर सकते हैं वह भी वशीकरण के माध्यम से।

जड़ी बूटी से वशीकरण

आज का जो वशीकरण टोटका हम आपको बताएंगे कि वह जड़ी बूटियों के माध्यम से वशीकरण करने का तरीका हैं और आप अपने ऊपर आने वाली सारी विपदाओं से कैसे छुटकारा पा सकते हैं जड़ी बूटियों के माध्यम से आज इसी पर हम चर्चा करेंगे।

दोस्तों जड़ी बूटियां हमें पेड़ एवं पौधों से प्राप्त होती है इसलिए आज हम उन खास जड़ों के बारे में आपको बताने जा रहे हैं। इन जड़ों का प्रयोग आपको उचित दिन में करना है।

तुलसी का पेड़—

हम सभी जानते हैं कि तुलसी का पत्ता बहुत ही लाभकारी सिद्ध होता है । खांसी के दौरान तुलसी का पत्ता पीसकर खाने से हमारी खासी ठीक हो जाती है दोस्तों अगर आपको आग से डर लगता है तो हम आपको बता दें कि आप अपने घर में भाद्र पक्ष वाले नक्षत्र के दिन तुलसी के पेड़ को लेकर आए और उसको अपने माथे के सामने रखें आप देखेंगे कि आपका जो भी डर था, आग से वह धीरे धीरे कम होता जाएगा और आप आग से फिर कभी भी नहीं डरेंगे।

नींबू की जड़—

क्या आपके परिवार में कोई ऐसा सदस्य है जो संतान प्राप्ति के लिए बहुत सारे डॉक्टर के पास चक्कर लगा रहा है कि उनको संतान की प्राप्ति हो जाए मगर फिर भी सारे प्रयास करके वह थक चुके हैं। केवल निराशा के उनको कुछ नहीं मिल रहा है तो अब घबराएं नहीं क्योंकि अब आपको निराशा नहीं मिलेगा।

यदि आप फाल्गुनी नक्षत्र में अपने घर में नींबू के जड़ को लेकर आते हैं और उस जड़ को गाय के दूध में अच्छी तरीके से मिलाकर निसंतान स्त्री को पिला देते हैं तो हम दावे के साथ कह सकते हैं कि आपके परिवार का वह सदस्य जो संतान की प्राप्ति के लिए दर-दर भटक रहा था। डॉक्टर के दरवाजे पर जाकर पैसे खर्च करके इलाज करवा रहा था उनको इस नींबू के उपाय से जल्द ही संतान की प्राप्ति होगी।

धतूरा—

धतूरा का प्रयोग आमतौर पर तांत्रिक लोग बहुत ज्यादा प्रयोग करते हैं अपनी तंत्र मंत्र की शक्ति को दुगना करते हैं। इस धतूरे के माध्यम से तंत्र विद्या में धतूरा का बहुत महत्व है।

आज हम आपको बताएंगे कि किस तरह इस धतूरे का प्रयोग करके आप अपने ऊपर आने वाले विपदाओं से कैसे बचेंगे ?

यदि आपके घर में हर रोज सर्प आता है और आप को उससे डर लगता है तो डरने की आवश्यकता नहीं है आप घर में धतूरे के बीच लाकर रख दीजिए तो आपके घर में सांप नहीं आएगा और अगर आएगा भी तो आपको उन से डरने की आवश्यकता नहीं है क्योंकि वह सांप आपको कुछ भी नहीं करेगा। इस तरीके से आप सांप के डर से बच सकते हैं और आने वाली विपदाओं से भी बच सकते हैं।

अगर आप आए दिन बीमार पड़ जाते हैं और आपको लगता है कि आपके घर में या आपके ऊपर किसी बुरी आत्मा का साया है तो उन बातों से भी आपको मुक्ति मिल सकती है। काली साया एवं बुरी हवा से अगर आपको डर लग रहा है और आप इस मुसीबत से निकलना चाहते हैं तो हम आपको बता दें कि आप घर में काले धतूरा का बीज लाकर रखिए।

इस बीज को आपको रविवार, मंगलवार एवं शनिवार के दिन ही लाना है और धतूरे के बीज को लाकर अपने घर के आंगन के मध्य में जमीन के नीचे गाढ़ देना है इससे आप के ऊपर जो भी हवा लगी है वह सारी हवाएं दूर हो जाएगी और आपको पहले से थोड़ा हल्का लगेगा।

यदि आपके घर में बच्चे हैं और आपके बच्चे को ऊपर कोई पूरा साया है या आपके बच्चे को किसी ही भूत प्रेत इत्यादि के बात सुनकर ही डर लगता है और आप उस बच्चे को लेकर बहुत ज्यादा हमेशा परेशान रहते हैं या चिंता में रहते तो अब आपकी चिंता दूर हो जाएगी।

आप अपने घर में चंपा की जड़ को रखिए।

यदि आप अपने बच्चे को किसी बुरी नजर से बचाना चाहते हैं और उनको भूत प्रेत इत्यादि के डर से बाहर निकालना चाहते तो अवश्य ही हस्त नक्षत्र में अपने घर में चंपा का जड़ लाइए और उस जड़ को अपने बच्चे के गले में जड़ को लाल सूते में बांधकर उनके गले में पहना दीजिए । इससे आपका बच्चा डरेगा नहीं और भूत प्रेत इत्यादि के भय से भी वह बाहर निकल आएगा।

यदि आप का विवाह होते-होते बार-बार रुक जा रहा हैं ।आपका विवाह का संबंध जुड़ने से पहले ही टूट जा रहा है और संबंधों के टूटने के कारण ही आपका हृदय भी टूट जा रहा है तो अब आपका हृदय भी नहीं टूटेगा और न ही आपका संबंध टूटेगा बल्कि जुड़ेगा वह भी बेल के जड़ से।

बस आपको बेल का जड़ अपने पास हमेशा रखना होगा इससे आपका संबंध नहीं टूटेगा और आप का विवाह किससे अच्छे घराने में अच्छे स्त्री या पुरुष से होगा।

दोस्तों तो यह थे वह तकरीबन जिनको आप अपनाकर अपने जीवन में आने वाले बाधाओं से बच सकते हैं एवं एक सुखमयी जीवन बीता सकते हैं। केवल जड़ी-बूटी से वशीकरण करके। इसके लिए आपको किसी तांत्रिक की जरूरत नहीं होगी। आप घर में रहकर ही इन टोटकों का प्रयोग कर सकते हैं।

हम आशा करते हैं कि आपको इन उपायों से अवश्य लाभ होगा क्योंकि जड़ी बूटियों से उपाय करके अनेक लोगों को फायदा मिला है। ऐसा उन लोगों का कहना है जो वास्तव में संकटों से मुक्ति पा चुके हैं। आप भी अवश्य इन उपायों से लाभ पाएंगे। आपके मंगलमय जीवन के लिए हम प्रार्थना करते हैं।

वशीकरण मंत्र फॉर लव

वशीकरण मंत्र फॉर लव


वशीकरण मंत्र फॉर लव, दोस्तों आज हम वशीकरण के टोटके एक ऐसे विषय पर लेकर आए हैं। जो विषय हम सभी के जिंदगी में बहुत ही महत्व रखता है और वह विषय है लव यानी कि प्यार। प्यार एक ऐसा शब्द है जो संपूर्ण विश्व के लोगों को परस्पर एक दूसरे के साथ जोड़ कर रखता है।

प्यार अधूरी जिंदगी को पूरा करता है। प्यार बेरंग जिंदगी में रंग भरता है। प्यार गलत को सही बनाता है। दुनिया का हर इंसान प्यार के बिना अधूरा है। प्यार है तो जिंदगी है जीवन है जहां है और प्यार नहीं है तो यह दुनिया यह जिंदगी अधूरी है।

वशीकरण मंत्र फॉर लव

दुनिया का हर इंसान हर प्राणी प्यार का भूखा होता है। चाहे वह जानवर हो चाहे वह मानव हो या पेड़ पौधे पक्षी ही क्यों ना हो हर प्राणी ही प्यार से जुड़ा होता है। आज इसीलिए हम वशीकरण के टोटकों को प्यार के आधार पर ही लेकर आए हैं कि कैसे आप अपने प्यार को वशीभूत कर सकते हैं कैसे वशीकरण मंत्रों के द्वारा यदि आप किसी से प्यार करते हैं उसे कह नहीं पा रहे तो वशीकरण मंत्रों के माध्यम से वशीभूत करके उस प्यार को आप आजीवन के लिए पा सकते हैं।

आइए जानते हैं इन टोटकों के बारे में जो आपसे आपको प्यार को मिलवा सकता है। आपके बेरंग जिंदगी में रंग भर सकता है और आपको हमेशा हमेशा के लिए खुश रख सकता है।

भगवान श्रीकृष्ण की उपासना कर सकते हैं आप उनकी पूजा आराधना हर रोज सुबह शाम कर सकते हैं। उनसे मन ही मन प्रार्थना कर सकते हैं कि हे कृष्ण, हे करुणा सिंधु आप कृपया करके मैं जिस से प्रेम करता हूं या मैं जिस से प्रेम करती हूं उससे मुझे मिलवा दीजिए और हम दोनों को जीवन भर के लिए साथ कर दिजिए। ऐसा कहते हुए भगवान श्री कृष्ण का मंत्र वशीकरण मंत्र का जाप कीजिए:–

ॐ क्लीं कृष्णाय गोपीजन वल्लभाय स्वाहा:

इस मंत्र को भगवान श्री कृष्ण की पूजा आराधना करने के बाद 108 बार पाठ कीजिए और भगवान श्री कृष्ण से मन ही मन अपने प्रेम संबंध को जोड़ने के लिए प्रार्थना कीजिए आप जरूर सफल होंगे।

अगर आप से संभव हो तो आप प्रति शुक्रवार को अपने घर के आसपास किसी राधा कृष्ण के मंदिर में अवश्य जाइए और वहां पर किसी दिन गरीब को खाना खिला दिजिए और उसे वस्त्र का दान कीजिए एवं राधा कृष्ण के मंदिर में फूलों का हार चढ़ाएं एवं मिश्री का भोग प्रसाद स्वरूप भेंट करें राधा कृष्ण की मूर्ति के सामने।

इससे श्री कृष्ण भगवान आप से जल्दी प्रसन्न होंगे और आपके प्रेम को आपके जिंदगी में भेजेंगे।

आप अपने प्रेम के संपर्क को और ज्यादा गहरा और ज्यादा ताकतवर बनाना चाहते हैं तो कोशिश कीजिए कि आप जब भी अपने प्रेमी या प्रेमिका से मिले वह दिन या तो शुक्रवार का दिन हो या फिर पूर्णिमा का दिन हो।

उनसे मिलने के लिए यह दो दिन बहुत शुभ होता है। इससे आपका लव लाइफ बहुत अच्छा रहेगा और शनिवार या अमावस्या के दिन बिल्कुल भी अपने प्रेमी या प्रेमिका से मिलने की कोशिश ना करें ।इससे आपके लव लाइफ पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है।

आपका लव आपका प्यार आपसे दूर जा सकता है। इसलिए पूर्णिमा का दिन हो शुक्रवार का दिन हो उस दिन मिले तो आपका प्रेम संपर्क बरकरार रहेगा अच्छा बीतेगा और आपके प्रेम संबंध में कोई भी बाधा कोई भी विघ्न उत्पन्न नहीं होगा।

अगर आपके जीवन में पहले से ही कोई प्रेमी या प्रेमिका मौजूद है और आए दिन आप लोगों के बीच में लड़ाई होती रहती है तो उसकी भी चिंता मत कीजिए। हमारे द्वारा उपलब्ध कराया गया वशीकरण मंत्र बहुत ही उपयोगी साबित होता है।

अभी हम जिन बातों को आपको बताने जा रहे हैं इन बातों का अनुकरण करके बहुत सारे लोगों ने अपनी जिंदगी में सफलता हासिल किया है। इसलिए अगर आप भी सफलता प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे द्वारा उपलब्ध कराए गए वशीकरण मंत्रों को या वशीकरण उपाय को ध्यान पूर्वक सुने ।

अब जब भी अपने प्रेमी या प्रेमिका को उपहार देते हैं। ध्यान रखें कि उस वक्त किसी भी काले रंग की वस्तु का प्रयोग ना करें। काला रंग संपर्कों में विघ्न डालता है। बाधा उत्पन्न करता है। इसलिए काले रंग से बचें।

अपने प्रेमी या प्रेमिका को गुलाबी, सफेद इस तरीके के हल्के रंगों का प्रयोग करते हुए उन्हें उपहार स्वरुप कुछ भेंट प्रदान कीजिए। इसके अलावा कोई धारदार चीज भी अपने प्रेमी या प्रेमिका को ना दें ऐसे चीज आपके प्रेम संपर्क में बाधा उत्पन्न करते हैं।

अब भगवान शिव का भी पूजा मंत्र उपासना जाप आप करते हैं तो आपको आपके अनुसार एक उचित वर या उचित वधू या उचित प्रेमी या उचित प्रेमिका मिल सकता हैं।

इसके लिए आपको सोलह सोमवार को भगवान शिव का व्रत रखना होगा सुबह से लेकर शाम तक केवल जल पर रहना होगा। शाम को भगवान शिव के माथे पर जल चढ़ाकर उन्हें धतूरा फल देकर फिर अपना उपवास तोड़ लीजिए और ऐसा सोलह सोमवार तक लगातार कीजिए इससे आप का लव लाइफ खुशहाल हो जाएगा आपके जिंदगी में जो प्रेम पहले नहीं था वह प्रेम आपके जीवन में आएगा और आप के अधूरे जीवन को पूरा कर देगा।

इसके अलावा आप भगवान श्री कृष्ण के मंदिर में बांसुरी चढ़ा सकते हैं एवं पीले वस्त्र बांट सकते हैं। इससे आपको अधिक सफलता मिलेगी ।आपको बहुत लाभ की प्राप्ति होगी।

पहले जिन सब वजहों से आप किसी से प्रेम संपर्क नहीं कर पा रहे थे। वह सारी वजह अपने आप खत्म हो जाएगी और आपके द्वारा किए गए इन तरीकों के माध्यम से आपको बहुत अच्छा परिणाम मिलेगा। आप पहले से ज्यादा खुश रहेंगे और लव लाइफ के मामले में खुद को बहुत भाग्यशाली महसूस करेंगे।

आशा करते हैं आपको यह उपाय पसंद आए हैं अगर आपको पसंद आए हैं तो हमें इस बात की खुशी है कि आपको हमारे द्वारा उपलब्ध कराए गए वशीकरण मंत्र वशीकरण के टोटके पसंद आते हैं ।

आप खुश तो हम भी खुश क्योंकि हम आप जैसे पाठकों के लिए ही लिखते हैं। ताकि आप खुशी से रहें एवं औरों को खुशी दे एवं खुशियां बांटे।

भस्म से वशीकरण

भस्म से वशीकरण


भस्म से वशीकरण, वैसे तो वशीकरण करने के कई तरीके हैं लेकिन भस्म से वशीकरण ज्यादा प्रभावी और आसान माना जाता है| वशीकरण के अन्य प्रयोगों में मंत्र के उच्चारण पर ज्यादा ध्यान रहता है जबकि भस्म से वशीकरण में ऐसा नही करना पड़ता| कुछ आसन तरीकों से भस्म से वशीकरण के प्रयोग करने लाभ प्राप्त किया जा सकता है|

भस्म से वशीकरण

शनिवार के दिन चिता की राख लेकर आयें| 2-3 चुटकी चिता की राख लेकर आयें| इस राख में थोड़ा सा केसर मिला दें| इस काम को करते समय आपके पास कोई स्त्री या छोटा बच्चा नही होना चाहिए| केसर मिलाने के बाद भस्म में थोड़े से गौ मूत्र के छींटे भी मार दें|

अब इस भस्म को सामने रखकर जिसका वशीकरण करना है उसका नाम 51 बार जाप करें| इसके बाद आप इस भस्म को सिर के ऊपर चुपके से डाल दें| बस इतना करने से वशीकरण होना शुरू हो जाता है|

होलीका दहन के बाद बची भस्म से वशीकरण के उपाय

होली की भस्म से किसी बीमार व्यक्ति को स्वस्थ किया जा सकता है| इसके लिए आपको दो लौंग, देशी घी, एक पान का पत्ता और एक बताशे के आवश्यकता होगी| जिस दिन होलिका दहन होने वाला हो उसके एक दिन पहले आप होलिका में ये चारों वस्तुएं डालकर आ जाएँ| जब अगले दिन होलिका का दहन हो जाये तब बची हुई भस्म को प्रणाम करके ले आयें| इस राख को रोगी की शरीर पर लगायें और फिर गर्म पानी से स्नान करा दें| कुछ ही दिनों में व्यक्ति पूर्ण स्वस्थ हो जायेगा|

यदि किसी व्यक्ति का जीवन तांत्रिक उपायों जैसे मारण, उच्चाटन, वशीकरण, आदि से प्रभावित हो रहा है और उसे दुःख झेलने पड़ रहे हैं तो ऊपर दिए गए उपाय को ज़रूर करें| इससे शरीर और मन पर होने वाले सभी नकारात्मक प्रभाव नष्ट हो जाते हैं|

कई महिलाओं के पति उन्हें छोड़कर दूसरी स्त्रियों के पीछे भागने लगते हैं| ऐसी परिस्थिति किसी भी महिला के लिए बहुत कष्ट दायक हो सकती है| इसके कारण महिलाएं मन ही मन परेशान लगती हैं और उन्हें इसका कोई सरल और प्रभावशाली समाधान नज़र नही आता|

यदि कोई महिला अपने पति के दूसरी लड़की या महिला के प्रति आकर्षण से परेशान है तो ऊपर दी गयी सामग्री जलती होलिका में अर्पित करें और 7 बार होलिका की परिक्रमा करें| परिक्रमा करते हुए एक गोमती चक्र को पति का नाम लेकर होलिका में डाल दें| वशीकरण के इस प्रयोग से आपका पति फिर से आपके प्रेम में पड़ जायेगा और पराई स्त्री को भूल जायेगा|

भस्म से वशीकरण करके तांत्रिक प्रभावों को नष्ट करें

तांत्रिक प्रभावों को नष्ट करने के लिए होलिका दहन के दौरान उनमें दो लौंग, एक पान का पत्ता, थोड़ा सा देशी घी और थोड़ी सी मिश्री दाल दें| होलिका के जल जाने के बाद जो भस्म बचे उससे चांदी का ताबीज बनवाकर गले में धारण करें| इस तरह से आप भस्म से वशीकरण करके अपने ऊपर होने वाले तांत्रिक प्रभावों से मुक्त हो जायेंगे|

भस्म से वशीकरण करके आप दिया हुआ धन वापस प्राप्त कर सकते हैं| कई बार जीवन में ऐसे मौके आते हैं कि लोग आपसे उधार मांगने लगते हैं और आप अपने रिश्ते का मान रखते हुए या किसी और कारण से उन्हें पैसे उधार दे देते हैं| लेकिन बहुत ही कम ऐसे लोग होंगे जो बिना कहे आपके पैसे आपको वापिस लौटा दें| ऐसे लोगों से बार-बार पैसे मांगने पर भी वे पैसे देने को तैयार नही होते और कोई न कोई बहाना करते रहते हैं|

यदि आप भी किसी को उधार देकर फंस गए हैं तो यह उपाय करें| आप होलिका दहन के स्थान पर एक अनार की लकड़ी से उधार लेने वाले का नाम लिख दें और अपने धन की वापसी के लिए होलिका माता से प्रार्थना करें| अब थोड़ा सा हरा गुलाल उसके नाम पर छिड़क दें| ऐसा करने से आपका धन आपको मिल जायेगा|

शत्रुता समाप्त करने के लिए होली की भस्म से वशीकरण इस प्रकार करें

होलिका दहन के एक दिन बाद रात 12 बजे होलिका दहन के स्थान पर जाएँ और अनार की लकड़ी से उस व्यक्ति का नाम लिखें जिससे आप शत्रुता समाप्त करना चाहते हैं| इसे बाएं हाथ से मिटाकर थोड़ी से भस्म लेकर घर आ जाएँ| इस भस्म को यदि आप शत्रु के सिर पर डाल देते हैं तो उसके मन से आपके लिए शत्रुता का भाव नष्ट हो जायेगा और उसका व्यवहार आपके प्रति मित्रवत हो जायेगा|

जन्म पत्री में दूषित गृह के प्रभाव को समाप्त करने के लिए होलिका दहन से पहले उसमें दो लौंग, एक बताशा, देशी घी और के पान का पता डालें| अगले दिन होलिका की राख प्राप्त कर लें और इसे स्वार्थसिद्धि योग द्वारा शुद्ध करें और फिर नदी में विसर्जित कर दें|

किसी बालक को बार बार नज़र लग जाती है| यदि बच्चे को नज़र लग जाती है तो वह बार बार रोने लगता है या गुस्सा करने लगता है| इसके लिए आप जलती हुई होलिका में देशी घी, पान का पत्ता, 2 लौंग और एक बताशा डाल दें| होलिका दहन होने के बाद उसकी राख को प्रणाम करके घर लें आयें और इसे चांदी या तांबे के ताबीज में भरकर बच्चे के गले में बाँध दें| इससे बच्चे को बुरी नज़र से सुरक्षा मिलेगी|

नाख़ून की भस्म से वशीकरण के प्रयोग

नाख़ून की भस्म से वशीकरण के कई प्रयोग किये जा सकते हैं| इससे वशीकरण बहुत असरदार होता है| इससे वशीकरण करने से पहले नाख़ून की भस्म को तैयार करने की सही विधि जान लेना बहुत ज़रूरी है|

नाख़ून की भस्म बनाने की विधि

इसके लिए शनिवार के दिन आप अपने हाथ और पैर के नाख़ून काट कर इकठ्ठे कर लें| अब इन्हें एक ताबीज में लपेटकर अपने दायें हाथ में बांधकर रख लें| अपनी भुजापर इन्हें 21 दिनों तक बंधा रहने दें|

21 दिन पुरे होने पर 12 मुखी रुद्राक्ष और कपूर लेकर सुनसान स्थान पर जाएँ और इन नाखूनों के साथ इन्हें जलाकर भस्म बना दें| यह भस्म वशीकरण में बहुत ही शक्तिशाली है|

इस भस्म से वशीकरण करने के लिए जिस भी व्यक्ति का आप वशीकरण करना चाहते हैं उसके सिर पर इसे डाल दें| इस भस्म के प्रयोग से महिला, कुंवारी लड़की, पत्नी, सास आदि सभी को वश में किया सकता है|

नाख़ून से भस्म बनाना आसन है और भस्म से वशीकरण करना भी आसन है| इस भस्म की शक्ति के प्रभाव में आकर व्यक्ति हर काम आपके अनुकूल करने के लिए विवश हो जाता है|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना


महावशीकरण सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना का प्रयोग कई कारणों जैसे उच्चाटन, वशीकरण और स्पंदन के लिए किया जाता है| इस मंत्र साधना से नव ग्रहों में मौजूद किसी भी नकारात्मक योग को दूर किया जा सकता है| सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना के द्वारा सर्वजन कवच को सिद्ध किया जाता है|

इस तरह से सिद्ध किया गया सर्वजन सिद्धि कवच गरीबी, दुःख और अशांति को जीवन से दूर करता है| जीवन में सम्पूर्ण समृद्धि और शांति के लिए सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना बहुत उपयोगी होती है|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना से सिद्ध सर्वजन कवच धारण करने से जातक के अन्दर अद्भुत सम्मोहन शक्ति आ जाती है| इसे धारण करने वाला व्यक्ति किसी भी व्यक्ति को अपनी इक्छा के अनुरूप प्रभावित कर सकता है|

अगर जातक महालक्ष्मी की कृपा प्राप्त करना चाहता है तो उसे अष्ट लक्ष्मी कवच में मिले सर्व सिद्धि कवच को धारण करना चाहिए| ऐसे जातक के घर में कभी दरिद्रता नही आ सकती| उसका घर हमेशा धन धान्य से भरा रहता है और वह जीवन के सभी भौतिक सुखों का लाभ उठाता है|

अगर जातक दूसरों के द्वारा किये गए तांत्रिक टोटकों से परेशान है तो उसे तंत्र रक्षा कवच के साथ सर्वजन सिद्धि कवच धारण करना चाहिए| इस तरह का सिद्धि कवच धारण करने पर धारण करने वाले पर तंत्र मंत्र का कोई प्रभाव नही पड़ता है| इस तरह सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना से सिद्ध कवच सब तरह की नकात्मक शक्तियों से रक्षा करता है|

यह रक्षा कवच दुश्मन की शक्ति को भी नष्ट कर देता है| इससे कोर्ट कचहरी के मामलों में भी आश्चर्यजनक सफलता प्राप्त होती है| इसको धारण करने वाला व्यक्ति जीवन के हर क्षेत्र में सफलता अर्जित करता है|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना के द्वारा सर्व सिद्धि कवच को धारण करने में कोई विशेष विधि विधान की आवश्यकता नही होती| क्योंकि इसे बनाते समय ही सभी उचित नियमों को पालन किया जाता है ताकि यह जीवन के सभी क्षेत्रों में समान रूप से प्रभावी हो|

इस कवच में मौजूद शक्तियां जातक की हर तरह से मदद करने के लिए तत्पर होती हैं| इसे जातक बिना किसी शंकोच के धारण कर सकता है|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना का लोहट मंत्र

इस मंत्र की साधना के लिए मोहनी एकादशी या शुक्रवार का दिन सही होता है| यह साधना निर्वस्त्र होकर की जाती है| निर्वस्त्र होने के बाद एक कांसे की थाली में पूजन की सामग्री लेकर पंचोपचार से पूजा संपन्न करें| पूजा के दौरान उस व्यक्ति का स्मरण करें जिस पर आप अपना वशीकरण करना चाहते हैं|

इस विधि का मंत्र इस प्रकार है –

मंत्र-

नमोहः भगवतेहः कामदेवायः सर्वजनः प्रियायः सर्वजनः सम्मोहनानः ज्वल् ज्वल् प्रज्वलः प्रज्वलः हनः हनः वद वद तप तप सम्मोहायः सम्मोहायः सर्वजनः मे वशं कुरु कुरु स्वाहः

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना का लोहट मंत्र की विधि इस प्रकार है-

इस साधना को करने के लिए कोई शुक्रवार या मोहनी एकादशी के दिन का चयन करना चाहिए| इस दिन सुबह ब्रह्म मुर्हत में उठें और स्नान आदि से निपटने के बाद सफ़ेद वस्त्र धारण करें| अब एक एकांत जगह पर आसन लगाकर बैठ जाएँ और ऊपर दिए मंत्र का 21000 बार उच्चारण करें| मंच मेवा हवन सामग्री और देशी घी से हवन में आहुति दें और विधि पूर्वक गणेश जी की पूजा भी करें|

जब पूजा और मंत्र उच्चारण पूरा हो जाए तो हवन के दशांश को किसी ब्राह्मण या पांच कन्याओं को दें| पूजा के बाद ब्राह्मण को भोजन कराने से भी उत्तम परिणाम प्राप्त होता है| जब पूजा पूरी हो जाए तो कवच को धारण कर लें| ये कवच आपके लिए वशीकरण का कार्य करने लगेगा और आपको फसलता मिलना शुरू हो जायेगी|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना को इस प्रकार भी किया जा सकता है –

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना को करने के लिए सुबह जल्दी उठ जाएँ और स्नान आदि से निपटने के बाद लाल रंग के कपड़े पहने और लाल रंग के आसन पर उत्तर या पूर्व की तरह मुख करके बैठ जाएँ|

अब अपने हाथ में रुद्राक्ष की माला के साथ यहाँ दिए गए मंत्र का उच्चारण 500 बार करें| मंत्र इस प्रकार है – म्रोँ ड़ोँ स्वाहः|

मंत्र के उच्चारण के दौरान जिस भी व्यक्ति को आप सम्मोहित करना चाहते हैं उसका स्मरण करें| मंत्र का उच्चारण 500 बार पूरा होने पर इसका प्रभाव शुरू हो जाएगा| आप यह देखकर आश्चर्यचकित रह जायेंगे की जिसे आपको वशीभूत किया है वह आपके अनुसार ही कार्य कर रहा है|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना इस प्रकार भी की जा सकती है| किसी शुक्रवार को रात में नहा लें और फिर पीले वस्त्र धारण कर लें| अब यहाँ दिए गए मंत्र का उच्चारण पीले रंग की हकीक की माला से करें| इस माला के साथ मंत्र का उच्चारण 1000 बार करें और फिर जिस भी व्यक्ति पर आप अपना वशीकरण करना चाहते हैं उसका स्मरण करें|

मंत्र इस प्रकार है – “ओम चिटि चिटि चामुंडै कालीकाः काली महाकाली अमुकं मे वशमानयः स्वाहा”|

‘अमुक’ के स्थान पर जिस व्यक्ति पर आप वशीकरण करना चाहते हैं उसका नाम लें|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना के दौरान इस मंत्र का 1000 जब करते हुए आहुति भी दी जाती है और गुरु मंत्र का जाप किया जाता है| इस तरह से सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना 5 या 7 दिन में पूरी की जा सकती है| साधना के पूर्ण होते ही आपको उस व्यक्ति पर वशीकरण का स्पष्ट प्रभाव दिखाई देने लगेगा|

सर्वजन वशीकरण मंत्र साधना के अंतर्गत कामदेव सर्वजन आकर्षण इस प्रकार किया जा सकता है –

इस साधना को शुक्रवार की रात को करना चाहिए| इस रात में स्नान करे लें और उत्तर दिशा की तरह मुख करके लाल रंग का आसन लगाकर बैठ जायें| अपने सामने एक बाजोट रखें और इस पर लाल वस्त्र बिछा दें| अब एक भोजपत्र लें और इस पर कुमकुम से क्लीं बना दें| इसे आसन पर स्थापित करें और थोड़े से चावल लेकर इस यन्त्र के सामने एक ठेरी बना दें|

इस ठेरी पर तिल के तेल का दीपक जला दें| अब गुरु और भगवान गणेश को प्रणाम करते हुए मूल मंत्र का उच्चारण मुंगे की माला से 51 बार करें| इस साधना को लगातार 5 बार करें|

मंत्र इस प्रकार है – ॐ क्लीं कामदेवायः सर्वजनः आकर्षणनः कुरु कुरु स्वाहः

इस तरह से पूजा और मंत्रोच्चारण पूरा होने पर चावल और कपड़ा नदी में विसर्जित कर दें| अब क्लीं लिखा हुआ भोजपत्र लें और इसे चांदी के ताबीज में रख लें| साधना के अंतिम दिन शुद्ध देशी घी की 108 बार मंत्र का उच्चारण करते हुए आहुति दें और ताबीज को धारण कर लें|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र


काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र, तंत्र शास्त्र में काले कौवे के पंख का विशेष महत्व है| इसके प्रयोग से कई असंभव से दिखने वाले कार्यों को संभव बनाया जा सकता है| कोई भी सामान्य पंडित या सिद्ध तांत्रिक आपको काले कौवे के पंख के चमत्कार के बारे में बता सकता है| यदि आप भी आपनी किसी इक्छा को पूरा करना चाहते हैं तो काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र या टोटका ज़रूर करें|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र

यदि आप काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र या टोटका करना चाहते हैं तो आपके लिए यहाँ दिया गया उपाय बहुत ही उपयोगी सिद्ध होगा| आप कौवे को बिना किसी नुकसान पहुंचाए उसका पंख प्राप्त कर लें| अब इसे जलाकर राख बना लें| इसमें अपनी थोड़ी से लार मिलाएं और फिर इसकी छोटी-छोटी गोलियां बनाकर रख लें|

अब जिस भी व्यक्ति को आप अपने वश में करना चाहते हैं उसकी पीठ पर एक गोली मार दें| ऐसा करने पर वह व्यक्ति आपके इशारों पर नाचना शुरू कर देगा| आप उससे अपने अनुकूल कोई भी कार्य करा सकते हैं|

किसी भी व्यक्ति का वशीकरण करने के लिए आप यहाँ दिए गए काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र का प्रयोग कर सकते हैं| यह मंत्र इस प्रकार है – ओम विवश दर्र काल वश देवो भैरव अमुक फट फट स्वाहा| इस मंत्र में अमुक के स्थान पर उस व्यक्ति का नाम बोलें जिसे आप वश में करना चाहते हैं|

इस मंत्र का प्रयोग आप सोमवार की रात को करें| इस रात में आप किसी नदी या तालाब के किनारे बैठकर ऊपर दिए मंत्र का उच्चारण 121 बार करें| अपने पास काले कौवे का पंख और लाल रंग का धागा रखें| जब मंत्र उच्चारण पूरा हो जाए तो धागा कौवे के पंख से बाँध दें| अब इसे किसी बरगद की जड़ से बाँधकर आ जाएँ| बस इतना करने से वह व्यक्ति पूर्णत: आपके वश में हो जायेगा| वह हर कार्य आपके अनुकूल ही करेगा|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र इस प्रकार है – “ॐ काकभूशुंडी नमः सर्वजन मोहय मोहय वश्य वश्य कुरु कुरु स्वाहा”| एक साबुत काले कौवे का पंख लें और इस मंत्र का 108 बार जाप करें और हर बार जाप पूरा होने पर पंख पर फूंक मारें| इसके बाद इस पंख को जलाकर राख बना लें और इस राख को लोभान की धूप दें| फिर दक्षिण के ओर मुख करके इस मंत्र का फिर से 108 बार जाप करें| इस दौरान कौवे के पंख की राख को अपने सामने रखें| जब भी किसी व्यक्ति को आप वश में करना चाहते हैं तो उसके सम्मुख इस राख से तिलक करके जाएँ| इससे आपको निश्चित सफलता मिलेगी|

यदि आप कोर्ट कचहरी, नौकरी-इंटरव्यू, व्यापार आदि में सफलता चाहते हैं तो आपको काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र का प्रयोग करने से काफी सफलता मिलने लगेगी| आप काले कौवे का काला या सफ़ेद पंख प्राप्त कर लें और जब भी कोर्ट या ऑफिस जाएँ या कोई ज़रूरी बिज़नस मीटिंग में जाएँ तो इस पंख को अपनी जेब में रख लें|

ये उपाय करने में बहुत आसान है लेकिन इसके प्रभाव बहुत ही शक्तिशाली हैं| इस प्रयोग को करने पर कुछ ही दिनों में आप देखेंगे की जिस भी काम को आप हाथ लगाते हैं वहां सफलता ही सफलता मिल रही है|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र में इस प्रयोग को करने से आप किसी का भी वशीकरण कर सकते हैं| इसके लिए आपको काले कौवे का पंख, नींबू का रस और सिंदूर चाहिए| शनिवार को रात 2 से 5 बजे के बीच ही इस प्रयोग को करें| थोड़ा सा सिंदूर लें और इसमें थोड़ा सा नींबू का रस मिला दें|

अब कौवे का एक पंख लें और एक सफ़ेद कागज़ पर जिसका भी आप वशीकरण कारण चाहते हैं उसका नाम लिख दें| अब इस कागज को आप जला दें| कागज़ को जलाते समय उस व्यक्ति की कल्पना करें और उसका वशीकरण करने का संकल्प दोहरायें| ऐसा करने से वह व्यक्ति आपके वशीकरण के प्रभाव में तुरंत आ जायेगा|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र या उपाय करने के लिए शनिवार का दिन चुनें| इस दिन शाम को कौवे का एक पंख लें और इसे जला दें| जलाते समय ध्यान रखें कि इसके साथ कोई अन्य वस्तु जैसे कागज़, लकड़ी आदि न जले| कौवे के पंख के जलने से आपको जो राख प्राप्त होगी उसे आप इकठ्ठा करके एक छोटी सी डिबिया में बंद करके रख दें|

यदि आप किसी का भी वशीकरण करना चाहते हैं जैसे – ऑफिस में लोगों को प्रभावित करना चाहते हैं, इंटरव्यू में सफलता चाहते हैं, किसी युवती को प्रभावित करना चाहते हैं, या बिज़नस में सफलता चाहते हैं; आपकी जो भी इक्छा होगी वह काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र के अंतर्गत यहाँ दिए उपाय से अवश्य ही पूरी होगी| बस आप जब भी घर से किसी शुभ काम के लिए निकलें इस कौवे की राख का तिलक लगा लें| बस ऐसा करते ही सफलता आपके कदम चूमने लगेगी|

किसी को जल्द ही वशीभूत करने के लिए काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र रविवार की रात को इस तरह करें| रविवार की मध्य रात्रि यानि की 12 बजे स्थान आदि करके शुद्ध हो जाएँ| एक कौवे का पंख, थोड़ा सा हल्दी पाउडर, एक लाल रंग का मौले का धागा और एक सफ़ेद कागज का टुकड़ा लें|

अब कागज पर कौवे के पंख से हल्दी से उस व्यक्ति का नाम लिखना है जिसे आप वशीभूत करना चाहते हैं| इसके बाद उसी कागज़ पर यहाँ दिया गया काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र लिखना है| यह मंत्र इस प्रकार है –

ओम वशमान्य करू करू स्वाहा

ओम वशमान्य कुरु कुरु स्वाहा

एक इस कागज को बंद करके लाल मौले का धागा उसमें बाँध दें| इस कागज़ को धागे समेत आपने तकिये के नीचे रखें और अगले दिन सुबह जल्दी उठकर इस कागज़ को किसी पेड़ के नीचे गाड़कर आ जाएँ| ऐसा करने से आप उस व्यक्ति को अपने वश में कर सकते हैं और उससे मनचाहा काम करा सकते हैं|

काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र का प्रयोग करते हुए कभी भी कौवे को मारना नही चाहिए| जो पंख स्वाभाविक रूप गिर जाते हैं बस उन्हीं का प्रयोग करना चाहिए| काले कौवे के पंख से वशीकरण मंत्र का प्रयोग करने के लिए आप उन्हें नियमित खाने खिलाएं|

गुंजा से सम्मोहन वशीकरण टोटके प्रयोग

गुंजा से सम्मोहन वशीकरण टोटके प्रयोग


बंधुवर, आज हम अपने इस लेख में आपके लिए लेकर आए हैं गुंजा के कुछ चमत्कारिक उपयोग | गुंजा के बारे में तो आप सभी जानते ही होंगे | यह एक तरह की लता का बीज ही है जो लाल, काले और सफेद रंग में उपलब्ध है | इसके अन्य चर्चित नाम भी है | जैसे– हब, सुफेद, रत्ती, चश्मेखरूस, धुंधची, लडय्या, चोटली आदि | दिखने में तो यह है छोटी लेकिन इसके चमत्कार है बड़े | लाल, काला और सफेद अलग-अलग रगों में मिलने वाले इन दानों के चमत्कार भी अलग-अलग है | प्रयोग में लाने के पहले इन्हें अभिमंत्रित करना जरूरी है |

गुंजा से सम्मोहन वशीकरण टोटके प्रयोग

गुंजा अभिमंत्रित कैसे करें

गुंजा को अभिमंत्रित करने के लिए सबसे पहले उन्हें शुद्ध करें | इसके लिए आप दूध में गंगाजल मिलाकर एक बर्तन में रखे और इसमें गुंजा के दानों को डाल दे | इसे अच्छी तरह हिलाकर साफ करे | अब इन दानों को निकाल कर दूसरे बर्तन में डालें और ऊपर से थोड़ा स्वच्छ पानी डालकर उसे अच्छी तरह साफ करें | फिर इन्हें बाहर निकाल कर शुद्ध कपड़े से सुखा लें | उसके बाद दानों को हाथ में लें और सुमेरू वाले स्थान पर तिलक करे रोली से | इसके बाद इन पर पुष्प और चावल चढ़ाएं | अब ईश्वर से निवेदन करते हुए प्रार्थना करें कि उन अभिमंत्रित किए जाने वाली गुंजा को शक्ति मिले |

गुंजा को अभिमंत्रित करने के लिए नीचे दिए गए मंत्र का प्रयोग करें —

”ओम् उडामरेश्चाय सर्व जगमेहनाय अं आ इं ई उं ऊं ऋं ऋं फट स्वाहा”

सफेद गुंजा को अभिमंत्रित करने के लिए शुक्ल पक्ष की चतुर्थी का चयन करें | इस दिन प्रात: काल स्नानोपरान्त स्थानांतरण पूजा स्थल पर बैठ जाएं हाथ में कुछ दाने सफेद गुंजा के रख कर | अब १०८ बार ऊपर दिए गए मंत्र का जाप करें | प्रत्येक बार मंत्र समाप्त होने के बाद हाथ में लिए हुए गुजां पर फूंक मारते जाए तथा उस पर लौंग/इलाइची/ मिश्री का दाना चढ़ाते जाए | दूसरी बार फूक मारने के पहले, पहले वाले दाने को किसी दूसरे बर्तन पर रखिए | इस क्रिया को लगातार १०८ बार मंत्र बोलते हुए दोहराएं |
लाल या काली गुंजा को अभिमंत्रित करने के लिए आप अमावस्या, ग्रहण काल, होली, दीपावली, दशहरा या पूर्णिमा के दिन का चयन करें | समय रखें अर्धरात्रि का | नहा-धोकर खुले आसमान के नीचे काले रंग के आसन को बिछाकर हाथ में काली या सफेद गुंजा के कुछ दाने लेकर ऊपर दिए गए मंत्र का ही जाप करे १०८ बार | हर बार दानों पर फूंक मारे व ऊपर दी गई विधि की तरह ही लौंग या इलाइची या मिश्री की क्रिया को दोहराए |
…. बस अभिमंत्रित हो गए गुंजा के ये दाने |

गुंजा का प्रयोग/आकर्षण सम्मोहन करने के लिए

१) काली गुंजा के बीज को घस लें | अब इस बनी हुई स्याही से उस व्यक्ति का नाम लिखें जिसे आपको परास्त करना है | कुछ दिन बाद गुंजा को कहीं दबा दें |

२) कभी-कभी लाल रंग की गुंजा की माला को धारण करने से सामने वाला व्यक्ति सम्मोहित हो जाता है |

३) सफेद गुंजा को कपड़े में बांध ले शुक्ल पक्ष में पड़ने वाली चतुर्थी को | इसे अपने पूजा-स्थान में स्थापित करें | प्रतिदिन गणेश जी का ध्यान कर इस पर चावल और फूल चढ़ाए | परस्पर सौहाद्र बना रहेगा परिवार के सदस्यों में |

४) लाल गुंजा के ११ दाने तथा ५ दाने सफेद गुंजा के धनतेरस के दिन ले लें | अब इसके साथ नागकेसर को रखें एक डिब्बी (धातु की) में बंद करके | दीपावली वाले दिन विधि विधान से इसकी पूजा करें | आपका आर्थिक पक्षी उज्ज्वल रहेगा |

५) ताबीज की तरह गुंजा की जड़ को बाँध दे गर्भवती स्त्री के कमर में | प्रसव के वक्त वह सुरक्षित रहेगी तथा प्रसव पीड़ा का अनुभव भी कम होगा |

६) सफेद गुंजा के दाने को सोते वक्त अपने तकिये के नीचे रख कर नीचे दिए गए मंत्र का जाप करे | शत्रु के भय से मुक्ति मिलेगी | मंत्र है–”ॐ नमो अग्नि रूपाय ह्नीं नमः |”

७) “ओम् हौं जूं स: “ इस मंत्र का जाप करें होलिका दहन के समय और ११ बार परिक्रमा करें उल्टी अग्नि की होलिका दहन के समय | हर परिक्रमा के बाद एक गुंजा अपने सिर के ऊपर से वारकर अग्नि में प्रजव्वलित करें | स्वास्थ्य में लाभ शीघ्र ही शुरू होगा |

८) गुंजा की ब्रासलेट उसके बनवाकर उसे कलाई पर पहने | नजर दोष से मुक्ति मिलेगी |

९) ५ लाल रंग की गुंजा को भिगोकर रख दें शहद में | ५ दिन तक रोज कुछ समय के लिए इन्हें देख कर आकर्षित करने वाले व्यक्ति का ध्यान करें | अब पाँचवे दिन उसे किसी एकांत स्थान देखकर दबा दे शहद सहित |

लाल/काली गुंजा से वशीकरण टोटके

१) गूंजा के कुछ दानों को अभिमंत्रित कर ले | अब इन अभिमंत्रित दानों को उस व्यक्ति के कपड़ों में रख दें जिसे आपको वश में करना है | जब तक यह दानें बंधे रहेंगे व्यक्ति के कपड़ों से, वह आपके वशीकरण से प्रभावित रहेगा |

२) मिट्टी के एक दीपक में शहद डालें | अब इसमें ५ दाने गुंजा के डाल दे उसका नाम लेकर जिसे आप वश में करना चाहते हैं | तत्काल प्रभाव देखने को मिलेगा |

३) गुंजा की जड़ को घसकर पेष्ट बना ले | इससे तिलक लगाकर जिसके सामने आप जाएगें वह आप से वशीभूत हो जाएगा |

४) गंगाजल अथवा कुआं के जल मे भीगों दे गूंजा की जड़ को | अब इसे आप चंदन की तरह घस लें और अपने माथे पर लगा लें | इसे लगा कर आप जिस सभा स्थल अथवा समारोह पर जाएंगे वहां पर सभी आप से वशीभूत हो जाएगें |

५) जिस व्यक्ति को आप अपने वश में करना चाहते हैं उसके घर में रात के समय अभिमंत्रित किए हुए गुंजा के कुछ दाने चुपचाप फेंक दे मंगलवार या शनिवार के दिन | वह आप के वशीभूत हो जाएगा |

दीपावली पर वशीकरण तंत्र प्रयोग टोटके

दीपावली पर वशीकरण तंत्र प्रयोग टोटके


इस संसार में बहुत लोग अपने जीवन में महत्वाकांक्षाएं रखते हैं, उन्हें इस बात के लिए बहुत मन लगा के काम करने की आदत होती है की वे अपने भगवन भजन में, ग्रह-ग्रहस्ती में और सुख चैन के लिए ईश्वर से परोपकार की प्रार्थना कर पाएं। वे चाहते हैं की लोगों से ऊपर उठकर, परिस्थितियों से आगे निकल कर और फल प्राप्ति के मोह से भी बाहर निकल कर वह भगवान से अमन की प्रार्थना कर सकें, पुरुषार्थ प्राप्त कर सकें और एक सफल जीवन व्यतीत कर पाएं। पर कई बार ऐसा होता है की लोगों के पास में इस सब को प्राप्त करने के लिए कुछ ख़ास दिन आते हैं, जब वे काम जतन से करके अधिक फलप्राप्ति की ओर बढ़ पाएंगे। अगर आप ऐसे मुहूर्तों की प्रतीक्षा कर रहे हैं तो आप पाएंगे की दीपावली के शुभ अवसर से बढ़कर उससे बड़ा कोई और अवसर नहीं है।

दीपावली पर वशीकरण तंत्र प्रयोग टोटके

आप दीपावली के दिन या फिर रात्रि को अगर तंत्र साधना करते हैं या कोई पूजा-पाठ करते हैं तो फिर आपको उसका फल बढ़-चढ़ कर मिलेगा। अगर आप किसी रोगी को दीपावली के शुभ अवसर पर तंत्र और मन्त्र के प्रयोग से ठीक करना चाहते हैं तो फिर ऐसा करें की –

दीपावली की रात को १२ बजे नहा कर, नीले वस्त्र पहन लें, आसान पर नीले वस्त्र ही रखें और फिर पूरब की ओर मुंह करके बैठ जाएं। इसके बाद में चार मुंह वाली दियाळी लें और उसमें चारों दीयों को जला लें, अब एक गज नीला कपडा, ४० नग, मिटटी की गड़वी एक नग, कुश घास से बना एक आसन, बत्तियां, ११ छोटी इलाइची के दाने, छुहारे, एक नीले कपडे का रुमाल, दियासलाई, लौंग, १ किलो सरसों का तेल, १ शीशी गुलाब के इत्र की, गेरू का टुकड़ा और लड्डू के टुकड़े इक्कठे कर लें।

इस प्रयोग की विधि है – नीले कपडे के चारों कोनो पे लड्डू, लौंग, इलाइची और छुहारे बांध लें। अब मिटटी के बर्तन में पानी भरकर उसमें गुलाब की पँखुड़ियाँ दाल दें। अब हमारे द्वारा बताया हुआ मंत्र उच्चारित करें, जपने से पहले लोहे की सलाई से चारो तरफ एक कटघरा खींच लें। मन्त्र होगा – ओम अनुरागिनी मैथन प्रिये स्वाहा, शुक्लपक्षे, जपे धावन्ताव दृश्यते जपेत् यह मन्त्र चालीस दिनों तक रोज़ पढ़ें – यानी सवा लाख बार – ऐसा करने के बाद नदी के बहते पानी में अपनी परछाईं हर रोज़ देखें – चालीस दिन पूरे हो जाने पर आप साड़ी सामग्री – नीले कपडे के साथ – उसी पानी में प्रवाहित कर दें।

अब आप जिसको भी वशीभूत करना छह रहे हैं या फिर जिसको भी रोगी अवस्था से ठीक करना चाह रहे हैं, उसका नाम ले के ११०० बार वही मन्त्र फिर से पढ़ दें तो आपका कार्य निश्चिन्त रूप से सिद्ध हो जायेगा। आप पाएंगे की लोग आपके काम में अड़चन तक नहीं बन पा रहे और आप एक सफल और समृद्ध जीवन की ओर बढ़ पा रहे हैं। अगला प्रयोग श्री यंत्र के द्वारा और क्षत्रु के विनाश के लिए किया जाता है। यह प्रयोग करने में ज़्यादा जटिल तो नहीं है पर इसका असर अत्यंत शीघ्र और प्रबल रूप से होता है। इसको करने से पहले ये पक्का कर लें की आप यह कार्य करना चाहते हैं या नहीं क्यूंकि एक बार आपने यह कार्य शुरू कर दिया तो फिर रुक पाना मुश्किल होता चला जाता है।

इस प्रयोग के लिए बताये हुए यंत्र को लाल स्याही से किसी नगाड़े पर लिख दें और फिर उस नगाड़े को बजाएं तो आपका कार्य संपन्न हो जायेगा और आप सुख चैन की नींद सो पाएंगे।

इसके पश्चात अगला प्रयोग है धन प्राप्ति के लिए और इसमें आप अपने घर में लक्ष्मी के प्रवेश का आवाहन करेंगे! यह साधना अर्ध-रात्रि की है और इसमें आपको २२ दिनों तक हर रात एक पूरी माला का जप करना होगा। मान लीजिये की आप यह कार्य दीपावली पर नहीं कर पा रहे तो फिर रविवार या शनिवार को शुरू करे। मंत्र को अगर दीपावली की रात को २१ बार जप लिया जाये तो वह सिद्ध हो जाता है। आप यह मन्त्र दीपावली को शुरू करें या फिर शनिवार या रविवार को लाल कपडे पहन कर शुरू करें। मंत्र है – ओम नमो पद्मावती पद्मनये लक्ष्मी दायिनी वांछाभूत प्रेत, विंध्यवासिनी सर्व शत्रु संहारिणी दुर्जन मोहिनी ऋद्धि-सिद्धि, वृद्धि कुरू कुरू स्वाहा, ओम क्लीं श्रीं पद्मावत्यैं नमः

यह मंत्र दीपावली नहीं होने पर भी २१ बार जपकर किया जाता है। अगला प्रयोग मंत्र आर्थिक और व्यावसायिक तंगी के लिए किया जाता है और इसमें आप कुछ मन्त्र साधना दीपावली से शुरू करते हैं। ऐसा बहुत लोगो ने सुना है की बुरे समय में आंटा गीला, उसी के अनुसार, जब भी आप पाएं की आप आर्थिक समस्या में हैं तो ऐसा बहुत बार होता है की और भी तरह तंगियां परेशान करती हैं, ऐसे में करें ये की बताये हुए मंत्र से फांसी हुई परिस्थिति से बाहर निकालें।

आपको बस हमारे द्वारा बताये हुए मंत्र को ३१ बार जपना होगा, ३१ माला जपने पर आप पाएंगे की आपके काम में वृद्धि आ गयी है, आपका धंधा आगे निकल रहा है और पहले के मुकाबले मंडी धीरे-धीरे काम होती जा रही है। आप पाएंगे की संपन्न और समृद्धि का समय वापस आपके घर लौट आया है और आप एक सुखद जीवन व्यतीत कर पा रहे हैं।

दीपावली पर महामवस्या हो जाती है, और उस रात से चन्द्रमा पूरी तरह से बलहीन हो जाता है। इस दिन से अभिचार अपनी चरम सीमा पे आ जाते हैं, इसीलिए इस रात्रि से सारे प्रयोगों की शुरुआत की जाती है। इस तरह हमने आपके समक्ष आज बहुत से ऐसे प्रयोग रखे जिनसे आप दीपावली की रात्रि से मन्त्रों और यंत्रों तथा तंत्र साधनाओं से अच्छा फायदा उठा सकते हैं। पर ऐसा होना बहुत पॉसिबल है की आप अभी भी शंका में हों या फिर किसी बात पर कंफ्यूज हों की प्रयोग में कुछ कार्य कैसे करना है तो फिर ऐसा करें की आप किसी अच्छे तांत्रिक के पास जाएं और उनसे किसी अच्छे मन्त्र में दीक्षा लें, अगर कोई और बात हो तो किसी अच्छे ज्योतिषी से मिलें और उसके साथ में मशौरा करें और अपने दिक्कत बताएं। वे आपकी परेशानी दूर कारने में निपुण होंगे।

गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस

गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस


गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस-श्री गणेश भगवन की पूजा बहुत प्राचीन समय से चली आ रही है, पौराणिक समय से भी पहले से। श्री गणेश भगवान शिव जी के पहले पुत्र हैं और पारवती माता के प्यारे हैं। वे कुमार यानी स्कन्द भगवन के बड़े भैया हैं। प्राचीन समय से उनका स्थान पूजा की शुरुआत में होता है क्यूंकि वे विघ्नहर्ता हैं। वे किसी भी बाधा को दूर करते हैं और पूजा की सफलता में उनका योगदान होता है। उनकी दो पत्नियां हैं सिद्धि और रिद्धि।

गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस

वे वक्रतुण्ड और बड़े पेट वाले कहे जाते हैं। वे सबसे ज़्यादा महाराष्ट्र पूजे जाते हैं और वहां पर सिद्धिविनायक भी कहे जाते हैं। गणेश जी को कलियुग का देवता कहा गया है और उनकी पूजा से सुख-शांति, धन, वैभव की प्राप्ति होने का फल मिलता है।

अगर आपको लगता है की आपको वशीकरण इसलिए चाहिए क्यूंकि गणेश वशीकरण से आप अपने बच्चे के पढाई में मन नहीं लगने पर मदद चाहते हैं तो फिर आप घर के दरवाज़े पर जाएं और गणेश जी की मूर्ती मुख्य द्वार पर स्थापित करें। स्थापित करते समय आपको यह मंत्र बोलना चाहिए की – “ ज्ञानमुद्रावते नमः विध्यानिहार्य नमह ज्ञानरुपाय नमह “

गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस

दूसरा गणेश वशीकरण मंत्र है की आप गणेश वशीकरण तब ढून्ढ रहे हैं जब आपको या आपके घर में किसी को वर या वधु प्राप्त नहीं हो रही। तब ऐसे में आपको मुख्य द्वार पर विवाह विनायक गणपति की स्थापना करनी चाहिए। इसके लिए, मन्त्रों का जाप करते हुए अगर आप इस गणेश वशीकरण की स्थापना कर देते हैं तो फिर वर या वधु आपको शीघ्र ही मिल जाएगी। स्थापना के लिए जो मंत्र है वह है – “ कलकामदायह नमह कामनीकान्तकार्श्रयह नमः “ यह बोलते हुए आप अगर गणेश भगवन की प्रतिष्ठा कर देते हैं तो आपका काम बन जायेगा।

ऋण मुक्ति के लिए गणेश वशीकरण मंत्र और उपाय भी है। इसमें आप ऐसा करें की यदि आपके ऊपर ऋण चढ़ गया हो और आप उसके उतरने में असमर्थ हों तो आपको पूजा करते वक़्त यह मंत्र बोपलना चाहिए – “ ऋणत्रयह विमोचनायह नमह “ .इस कार्य को संपन्न करने से आपका ऋण धीरे-धीरे दूर होने की नौबत की ओर बढ़ने लगेगा।\

अगर आप क्षत्रु नाश के लिए गणपति की साधना करना चाहते हैं और अपने क्षत्रु को हराकर अपना काम बनाने में मदद चाहते हैं तो इसके लिए भी गणेश वशीकरण मंत्र है। आपको करना यह होगा की रोज़ सुबह उठने के बाद नहा-धो कर सफ़ेद कपडे धारण करने होंगे और पूजा कक्ष में जाकर गणेश जी का बताया जाने वाला मंत्र जपना होगा।

इसके पश्चात मंदिर तक जाएं और मंदिर में पहुँचकर गणेश भगवन की प्रतिमा के दर्शन करें। इससे आपको लाभ होगा और आप अपने क्षत्रुओं से जीत जायेंगे और अपने कार्य में सिद्ध विजय प्राप्त करेंगे। जो मंत्र जपना होगा वह है – “ ॐ गणपतये शत्रुहंतायह नमह “

इस तरह आप अपने पास कुछ ख़ास ऐसे नुस्खे, उपाय और तरकीबें पा गए हैं जिनसे आप गणेश वशीकरण मंत्र का प्रयोग कर के अपने जीवन में से अपूर्णता, दुःख और उदासी हटा पाएंगे।

अगला ऐसा एक और मंत्र है जो धन प्राप्ति के लिए करी जाने वाली गणेश वशीकरण साधना में काम आता है, ऐसा कई बार होता है जब आपके घर में तंगी हो जाती है, आप परेशान हो उठते, व्याकुल मन के साथ यह सोचने लगते हैं की आखिर आशा की किरण है किधर ? आप आर्थिक परेशानियों के चंगुल में फंस जाते हैं।

अगर ऐसा आपके साथ हो रहा है तो आपको घबराने की कोई ज़रुरत नहीं है – केवल धन प्राप्ति के लिए की जाने वाली गणपति की साधना करें। इसमें आप चतुर्दशी के दिन धनदायक गणपति की स्थापना करें, उस दिन से गणपति व्रत रखना शुरू कर दें और धन की वृद्धि के लिए बताये इस मंत्र का जप जरूर करें, आपको आसानी से काम में सफलता मिलेगी –

“ सिद्ध लक्ष्मी मनोहरह प्राययह नमह मणिकुण्डलमंडितायह नमह श्रीपतये नमह “

गणेश मोहिनी वशीकरण मंत्र साधना लव सक्सेस

अगला गणपति वशीकरण मंत्र रोग निवारण के लिए है, आप और मेरे, सबके साथ ऐसे मुश्किल समय आते हैं जब आप बीमार पड़ जाते हैं, आप पाते हैं की आपके घर में कोई परेशानी वाली बीमारी से ग्रस्त है जिसमें समय और पैसे का काफी खर्चा लगता है। ऐसे में क्या करना सही रहेगा ? क्या करें जिससे आपका कार्य सफलता पूर्वक हो जाये, आप अपने आप अपने रस्ते के रोड़े को हटा दें और दिक्कत भी नहीं आये?

तरीक़ा है रोग नाश के गणपति की साधना की। इसमें आप रोज़ सवेरे उठने के बाद नहा-धो लें और फिर साफ़-सुथरे कपडे पहन लें, अब आप पूजा कक्ष में जाएं और महा मृत्युंजय मंत्र का पाठ करें, आपका काम ज़रूर संपन्न होगा और आप अपने आप में एक नयी स्फूर्ति भी पाएंगे।

इसके बाद जो साधना आती है वह है संतान प्राप्ति के लिए की जाने वाली गणपति वशीकरण मंत्र साधना। कई बार ऐसा होता है की शादी की खुशाली के बाद घर में मायूसी अपना घर बना लेती है, बच्चे की किलकारी के बजाय घर में पति-पत्नी ही की आवाज़ें आती हैं, कई बार कटाक्षता से भरी हुए।

हम आपको एक ऐसा तरीक़ा बताएँगे जिससे आप अपने इस खोयी हुई ज़िन्दगी में वापस मिठास और खुशाली ले आ पाएंगे आपको बस हमारे द्वारा बताये हुए काम को करना होगा और ध्यान पूर्वक, बिना गलती के विधि को निभाना होगा। आपको रोज़ सवेरे नहाना चाहिए और फिर साफ़ कपडे पहन कर पूजा कक्ष में जाना चाहिए, वहां पे श्री गणेश भगवन की शरण में जाना चाहिए और कहना चाहिए की हे भगवन! मेरी मदद करो! और १०८ बार इस मंत्र को बोलना चाहिए – “ गर्भदोषहयो नमह संतान गंतत्ये नमः “ आपका काम धीरे-धीरे सिद्ध होने लगेगा।

आखरी गणपति वशीकरण साधना है जब आप कोर्ट कचेहरी में उलझ गए हों और आपको इन सब टेंशनों से मुक्ति चाहिए हो। तब आप श्री गणपति भगवन को याद करें, उनसे मदद मांगें, कहें के हे भगवन मैं आपका सेवक और भक्त हूँ, मेरी मदद करें। भक्ति रास में लीन हो जाएं। नित्य-रुप से स्नान और साफ़ कपडे धारण करने के पश्चात १०८ बार बताये हुए मंत्र का जप करें और अपनी तक़दीर को बदलता हुआ पाएं। मंत्र है – “ विजयह स्थिरायह नमह “

इस तरह हमने आपके समक्ष न न प्रकार के उपाय रखे हैं, आप पाएंगे की ये आपके काम आएंगे और आप इनके लाभ से अपना कार्य सिद्ध कर पाएंगे। किसी भी संदेह पर किसी अच्छे ज्योतिषी या तांत्रिक से परामर्श करें, ताकि कोई भूल-चूक न हो जाये।

पुलिस केस जेल मुकदमा में विजय/ बचने का उपाय

पुलिस केस जेल मुकदमा में विजय/ बचने का उपाय


कोर्ट-कचेहरी के चक्कर एक समय जो भी लगाता था, वह खराब किस्म का आदमी माना जाता था। लोग कहते थे की यह आदमी तो हमेशा गलत कामों के वजह से कानूनी कार्यवाही में फंसा रहता है। फिर वह समय बदल गया। आज कल हमारे देश में हर तीसरा-चौथा आदमी कोर्ट-कचेहरी के चक्कर काट रहा है। लोग उसे आम मानने लगे हैं क्यूंकि आजकल के समय में यह मुसीबत सब के सर पर उमड़ रही है।

पुलिस केस मुकदमा में विजय का उपाय

आप चाहे कितने भी नेक हों और कितने भी ईमानदारी से काम करते हों आप कभी न कभी आज के ज़माने में कानून के कटघरे में अपने आपको पाएंगे। लेकिन इससे यह न समझें की सब गए तो सब ठीक ही होगा, असल बात तो यह है की इतने कोर्ट केसेस होने के कारण कोर्ट लम्बा खींच देता है केसेस को, तो अगर आपका केस गंभीर नहीं है तो ४ से ५ साल तक लग जाना आम है।

ऐसे में एक तो पैसे का फ़िज़ूल खर्चा होता है और दूसरा दर्ज केस की अर्ज़ी लगाते-लगाते इंसान थक जाता। यह सबसे महत्त्वपूर्ण है की उसका नतीज़ा क्या निकलेगा, और इसी को आपकी मुट्ठी में प्रदान करने के लिए हमने उपाय ढूंढें हैं। इनको अगर आप लागू करेंगे तो आपको यह फल मिलेगा की आप इन पुलिस, कोर्ट, जेल से बचने के उपायों को कर अपने आपको सफल ढंग से मज़बूत बना पाएंगे। आप बस हमारे बताये हुए तरीके को आज़मा के देखिये, बाकी सब निश्चिन्त रूप से हो जायेगा।

मुकदमा में विजय टोटका
मंगलवार के दिन से शुरुआत करें इस कार्य की। शाम चार या पांच बजे के आस-पास गेंहूं की रोटी को तोड़ कर चूरा बना लें, फिर उस मिश्रण में देसी घी और चीनी मिला दें। अब इस चुरे को ले जा कर कौओं को खिला दें, यह कार्य रोज़ के रोज़ तब तक करते जाएं जब तक मुक़दमें की तारीख़ नहीं आ जाती, इस दिन उन कौओं में से जो रोज़ आके चूरा खाते हैं, में से किसी एक कौए का एक पंख ले लें और उसे अपनी बांयें जेब में रख कर कचहरी जाएं तो काम में सफलता आएगी। इसके बाद भी कम से कम एक हफ्ते तक रोज़ कौओं को रोटी, देसी घी और चीनी का चूरा ज़रूर खिलाते रहें। आप यह पाएंगे की विजय आपकी होगी।

मुकदमा में विजय टोटका
जब भी अदालत जाएं किसी हनुमान मंदिर में धुप-दीप जलाकर, बेसन के लड़्डू या फिर गुड़ और चने का भोग लगाएं इसके पश्चात हनुमान चालीसा और हनुमान बाण का पाठ ज़रूर करें और फिर आप पाएंगे की आपके मनोकामना ज़रूर पूरी होगी और आप मुक्कदमें में जीत हासिल कर पाएंगे।

जब भी अदालत जाएं तो गहरे रंग के कपडे पहन कर ही जाएं, इससे भी आपको फायदा प्राप्त होगा। अपने अधिवक्ता को कोई भी काम की वास्तु जैसे कलम आदि ज़रूर सप्रेम भेंट करें, इससे भी फायदा होता है। अपने कोर्ट केस की फाइल को अपने घर के पूजा घर में रख दें, ईश्वर से प्राथना करें की आपकी सफलता हो और वे आपकी रक्षा करें। यदि आप ग्यारह हकीक नामक पत्थर किसी मंदिर में दान कर दें और कहें की मैं -आपका नाम- कार्य में विजयी होना चाहता हूँ तो आप निश्चय ही अपने कार्य में विजयी होंगे। अगर ऐसा हुआ हो की आप कोर्ट-कचेहरी के चक्कर में डूब रहे हों, आपके आशाओं के पुल टूट रहे हों और आपको कहीं भी सफलता की किरण नज़र नहीं आ रही हो तो फिर आप सात मुखी, पांच मुखी या ग्यारह मुखी रुद्राक्ष की माला धारण करें।

यदि आपके अदालती केस में कोई सफलता न आ रही हो तो आप ५ गोमती चक्र को अपनी शर्ट की जेब में रख लें और स्वर के हिसाब से बांयां पैर कचेहरी में पहले रखें, अगर स्वर नहीं समझ आ रहा हो तो दांयां पैर पहले रखें और अदालत में प्रवेश करें, आपके केस में सफलता आएगी। जिस बार आप पहली दफा अपने कोर्ट केस की सुनवाई के बाद लौट रहे हों, तब आप लौटते वक़्त रास्ते में किसी भी मज़ार पर अवश्य रुकें और उसके पश्चात ही घर लौटें। अगर आपको ऐसा पता चले की आपकी सुनवाई के पश्चात सज़ा आपको सुनाई जाएगी तो आप कोयले में अपना वजन तौलवा के उसे बहती नदी में प्रवाहित करें, और भगवन से प्राथना करें की आपके इस जन्म और पिछले जन्म के पापों के लिए आपको क्षमा की जाए, ताकि आप इस बार इस मुसीबत से बच सकें और एक सुखद जीवन व्यतीत कर सकें।

किसी भी मुक्कदमें के लिए ख़ास कर और वाद-विवाद के लिए भी, आप अगर अपनी अनामिका उंगली यानी सबसे छोटी उंगली में त्रिकोण आकर का मूंगा धारण कर लें और उसे सोने या ताम्बे में जडवाएँ तो आपको सफलता प्राप्त होगी।

मुकदमा में विजय का उपाय/मंत्र

मुक्कदमा जीतने के लिए एक अचूक मंत्र और उसकी साधना हम आपके समक्ष रखने जा रहे हैं, आप अगर इसका प्रयोग ध्यान से करेंगे तो आपकी विजय पक्की है – मंत्र जिसका जाप करना होगा है –

ॐ क्रीम क्रीम क्रीम धूम्रसारी बदाक्षम विजयति जयति ॐ स्वः

इस मंत्र का प्रयोग करने की विधि कुछ इस प्रकार है की आप त्रयोदशी का इंतज़ार करें जब पुनर्वसु नक्षत्र हो, तब सुराही के चर्मसं पर किसी सरिता के निकट मूंगे की माला से यह मंत्र जपें तो यह मंत्र सिद्ध होगा। फिर जब आपको इस मंत्र का प्रयोग करना हो तो आप इस मंत्र का ७ बार पढ़ें और हाकिम के करीब जाएं तो असर अवश्य दिखेगा। और आपको आपका मनचाहा फल प्रदान होगा।

इस तरह हमने आपके समक्ष कई उपाय रखे हैं जिनके अनुसार अगर आप कार्य को प्रतिष्ठित करेंगे तो आप की मनोकामना ज़रूर पूर्ण होगी, आपको बस इतना ज़रूर करना है की जो भी प्रयोग करें ध्यान से करें कुछ छूटने न दें और कुछ भूल चूक में न जाने दें, अन्यथा पूरे कार्य में अड़चन आना स्वाभाविक है और इसका आपको पता भी बहुत देर से चलेगा|

अगर इन सब कार्यों के अलावा भी आपको कुछ और ज़रुरत हो या फिर आपकी समस्या ज़्यादा गूढ़ होती जा रही हो तो आप किसी अच्छे ज्योतिषि से मिलें या फिर किसी तांत्रिक से संपर्क कर उससे सलाह लें की आगे क्या करने चाहिए, कैसे करना चाहिए और किसी वक़्त करना चाहिए।